कन्या सुमंगला योजना 2023: रजिस्ट्रेशन, पात्रता, आवेदन

मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना सबसे अधिक आबादी वाले भारतीय राज्य उत्तर प्रदेश में शुरू की गई है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लड़कियों की मदद के लिए और उन्हें उनके विकास और सुरक्षित भविष्य के लिए वित्तीय सहायता हेतु कन्या सुमंगला योजना का शुभारंभ किया है।

सरकार लड़कियों को उनके जन्म से लेकर पूरी शिक्षा प्रक्रिया तक के खर्चों को कवर करने के लिए वित्तीय सहायता प्रदान करती है। यह योजना उत्तर प्रदेश की उन सभी लड़कियों की मदद करती है जो आर्थिक समस्याओं और  लैंगिंक असमानता का सामना करती है और उचित शिक्षा और अन्य चीजों तक उनकी पहुँच नहीं है।

यदि इस योजना को सही ढंग से लागू किया जाता है तो “यह बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ” अभियान के लिए फायदेमंद होगा और यूपी की लड़कियों को उच्च शिक्षा के लिए और अपने करियर में महान ऊंचाइयों तक पहुंचने में मदद करेगा। Kanya Sumangala Yojana से लिंगानुपात संतुलित बनाने में मदद मिले गी और लड़कियों को स्वावलंबन सहायता मिलेगी।

कन्या सुमंगला योजना क्या है 2023

मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना 25 अक्टूबर 2019 को लखनऊ उत्तर प्रदेश में शुरू की गई है। मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना उन परिवारों की लड़कियों को ₹15,000 की वित्तीय सहायता प्रदान करती है, जिनकी वार्षिक आय सामान या 3,00,000 से कम है। इस योजना के क्रियान्वयन के लिए 1200 करोड़ रुपये का बजट प्रदान किया गया है, और कुल ₹15,000 की राशि लड़कियों को किश्तों में दी जाती है। ऐसी छह सामान किश्तें है।

लड़कियों के साथ लड़कों के समान व्यवहार करने की आवश्यकता के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए यह अभियान कन्या सुमंगला योजना उत्तर प्रदेश में शुरू किया गया है। फिर भी, कई परिवारों में बालिका के जन्म के बारे में कई नकारात्मक विचार हैं, और यह योजना लड़कियों को ऐसी सामाजिक बुराइयों और बाल विवाह,कन्या भ्रूण हत्या जैसी चीजों से बचाने और उन सभी बालिका उम्मीदवारों की मदद करने के लिए है जो इस योजना का लाभ लेने के लिए पात्र हैं।

Kanya Sumangala Yojana के तहत, उत्तर प्रदेश सरकार पहली लड़की के जन्म पर परिवारों को आर्थिक रूप से सहायता प्रदान करती है। इस योजना का उद्देश्य गरीबी रेखा से नीचे जीवन यापन करने वाले लोगों के स्वास्थ्य, शिक्षा और आर्थिक सशक्तिकरण को बढ़ावा देना है।

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Kanya Sumangala Yojana Highlights

योजना का नामकन्या सुमंगला योजना
राज्यउत्तर प्रदेश सरकार
शुरू किया गया मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ
लाभार्थीउत्तर प्रदेश के बालिका
उद्देश्यउत्तर प्रदेश की बालिकाओं को उच्च शिक्षा प्रदान करना
विभागमहिला एवं बाल विकास विभाग
लाभपढ़ाई के लिए धनराशि प्रदान करना
श्रेणीउत्तर प्रदेश सरकारी योजनाएं
साल2023
आर्थिक सहायता₹15000
किस्ते6
बजट1200 करोड़ रुपए
आधिकारिक वेबसाइटhttps://mksy.up.gov.in/

कन्या सुमंगला योजना की मुख्य विशेषताएं

इस योजना की प्रमुख विशेषताएं निम्नलिखित है :-

  • Kanya Sumangala Yojana के तहत यूपी सरकार यह सुनिश्चित करना चाहती है कि राज्य की प्रत्येक बालिका को पर्याप्त शिक्षा मिले।
  • इस योजना के लागू होने से सरकार कन्याओं के माता पिता को उनकी बेटियों को स्कूल भेजने के लिए राशि प्राप्त करने पर सहायता प्रदान करेगी।
  • यह योजना समाज में सामाजिक बुराइयों को दूर करती है और बेहतर जीवन स्तर वाली लड़कियों का समर्थन करती है।
  • लाभार्थियों को सरकार द्वारा निर्धारित समय सीमा में उनके खाते में वित्तीय सहायता प्रदान की जाएगी।

NOTE:-
माता पिता को सहायता राशि प्राप्त होगी, जबकि यदि तीसरी संतान एक लड़की है, तो माता पिता को योजना में आगे की सहायता का लाभ नहीं मिलेगा।

  • योजना के तहत राशि विभिन्न चरणों में जारी की जाएगी जब बालिका का जन्म टीकाकरण और ग्रेड और स्नातक तक पहुंचने तक।
  • केवल 1 अप्रैल 2019 के बाद जन्म लेने वाली बालिकाएं ही पूरी राशि प्राप्त करने की पात्र है।
  • 1 अप्रैल 2019 से पहले जन्म लेने वाली बालिकाएं भी Kanya Sumangala Yojana के तहत लाभ प्राप्त करने की पात्र है, लेकिन उन्हें निधि का केवल एक हिस्सा ही प्राप्त होगा। ऐसे बच्चों के लिए, तिथि का उपयोग अन्य स्तरों को निर्धारित करने के लिए कट ऑफ के रूप में किया जाएगा।
  • राशि सीधे लाभार्थी के खाते में ट्रांसफर की जाएगी।

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मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना के लाभ

  1. बालिकाओं के जन्म के बारे में सकारात्मक सोच फैलाने और उन्हें सामाजिक सुरक्षा प्रदान करने में सहायक।
  2. राज्य में लड़कियों का उचित स्वास्थ्य, शिक्षा और सुरक्षा सुनिश्चित करना।
  3. एक परिवार की दो बच्चियां इस योजना का लाभ उठा सकती है।
  4. छह अलग अलग किश्तों में कुल ₹15,000 की राशि सहायता प्रदान की जाती है।

मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना के किश्तों का विवरण

कूल सहायता राशि 15,000 है, जो छह किश्तों में दिया जाता है।

₹2000जन्म की तारीख से छह महीने से कम।
₹10001 साल की उम्र में सभी टीके लगवाने के बाद।
₹2000जब बालिका को पहली कक्षा में प्रवेश दिया जाता है।
₹2000जब बालिका स्कूल में छठी कक्षा में प्रवेश करती है।
₹3000जब बालिका स्कूल में नौवीं कक्षा में प्रवेश करती है।
₹3000जब बालिका किसी डिग्री या डिप्लोमा कोर्स के लिए कक्षा दसवीं/ बारहवीं पास कर रही हो।

मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना के उद्देश्य

इस योजना के मुख्य उद्देश्य निम्नानुसार साझा किए गए हैं :-

  • राज्य में स्वास्थ्य और शिक्षा की स्थिती में सुधार।
  • कन्या भ्रूण हत्या का उन्मूलन
  • उचित लिंगानुपात बनाए रखने के लिए
  • बाल विवाह की कुरीतियों को रोकने के लिए
  • नवजात कन्या के परिवार को आर्थिक सहायता प्रदान करना।
  • लड़कियों,के प्रति लोगों की नकारात्मक मानसिकता को बदलना और लड़की के जन्म के बारे में समाज में सकारात्मक सोच विकसित करना।

मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना के कार्यान्वयन के चरण

मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना मूल रूप से छह प्रमुख चरणों में लागू की गई है:

Stage 1:इस चरण में 1 अप्रैल 2019 या उसके बाद जन्म लेने वाली लाभार्थी बालिका को 2000/-एकमुश्त का लाभ प्रदान किया जाता है। इस लाभ के लिए बालिका के जन्म के छह माह के भीतर आवेदन प्रस्तुत करना होगा।
Stage 2:इस चरण में, लाभार्थी लड़की जो 1 अप्रैल 2018 से पहले पैदा नहीं हुई है  और पूर्ण टीकाकरण प्राप्त कर चुकी है, उसे ₹1000 का भुगतान किया जाता है। बालिका की आयु दो वर्ष से कम होनी चाहिए।
Stage 3:इस चरण में, चालू शैक्षणिक वर्ष के दौरान कक्षा एक में दाखिला लेने वाली लड़की को ₹2000 की राशि से लाभान्वित किया जाता है। बालिका की आयु तीन वर्ष से अधिक होनी चाहिए।
Stage 4:इस चरण में, वर्तमान शैक्षणिक वर्ष मैं छठी कक्षा में नामांकित होने वाले लाभार्थी को ₹2000 का लाभ प्रदान किया जाता है। बालिका की आयु सात वर्ष से अधिक होनी चाहिए और इस चरण के लिए आवेदन प्रवेश के उसी वर्ष के 1 जुलाई तक या प्रवेश की अंतिम तिथि के 45 दिनों के भीतर प्रस्तुत किए जाने चाहिए।
Stage 5:इस चरण के तहत, चल रहे शैक्षणिक वर्ष के दौरान कच्चा नौवीं में दाखिला लेने वाली लड़की को ₹3000 दिए जाते हैं। लड़की की उम्र 10 साल से अधिक होनी चाहिए। आवेदन प्रवेश के वर्ष के 30 सितंबर तक यह उसी वर्ष बोर्ड में पंजीकरण की अंतिम तिथि के 45 दिनों के भीतर जमा किया जाना चाहिए।
Stage 6:अंतिम चरण के तहत,लाभार्थी जिसने कक्षा दसवीं/बारबी  उत्रिन की है और वर्तमान शैक्षणिक वर्ष में कम से कम 2 साल के स्नातक डिग्री या प्रमाणित डिप्लोमा पाठ्यक्रम में दाखिला लिया है उसे ₹5000 एक बार दिया जाता है। लड़की की आयु 12 वर्ष से अधिक होनी चाहिए और अवैध को प्रवेश के वर्ष के 30 सितंबर तक या प्रवेश की अंतिम तिथि के 45 दिनों के भीतर आवेदन करना होगा।

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कन्या सुमंगला योजना अपडेट

  • Kanya Sumangla Yojana के तहत स्कूल की बच्चियों को आर्थिक सहायता प्रदान करके पढ़ाई के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा।
  • इस योजना के सफलतापूर्वक कार्यान्वयन के लिए जिला अधिकारी भी प्रसार की प्रयास करेंगे। इस समय सरकार द्वारा अपर प्राइमरी एवं प्राइमरी की छात्राओं को चिन्हित किया जा रहा है और इसके लिए सभी संस्थानों में निर्देश भेज दिए गए हैं।
  • चयन प्रक्रिया पूरी होने के बाद सभी चिन्हित छात्राओं की डिटेल ऑनलाइन फीड किया जाएगा।
  • फरवरी 2021 तक लगभग 15,000 छात्राओं का चयन कर लिया जाएगा। जिसमें 8,000 छात्राएं प्राइमरी एवं अपर प्राइमरी की होंगी।
  • 5,000 छात्राएं मध्यमिक शिक्षा की होंगी एवं 2000 हजार छात्राएं उच्च शिक्षा की होंगी।

मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना के लिए पात्रता

  • केवल उत्तर प्रदेश राज्य के स्थायी निवासी ही इस कन्या सुमंगला योजना के लिए आवेदन करने के पात्र हैं।
  • तथा उसके पास स्थायी निवास प्रमाण पत्र हो, जिसमें राशन कार्ड/आधार कार्ड/वोटर पहचान पत्र/विद्युत/टेलीफोन का बिल मान्य होगा।
  • इस योजना का लाभ एक परिवार के केवल दो बालिकाएं ही प्राप्त कर सकती है तथा दूसरी कन्या के जन्म के समय यदि दो जुड़वा कन्याओं का जन्म होता है तो तीसरी भी लाभ लेने की पात्र मानी जाएगी। यानी इस स्थिती में एक परिवार की तीन लड़कियों का आवेदन किया जा सकता है।
  • यदि कोई परिवार किसी अनाथ कन्या को गोद लेता है तो एक परिवार की योजना से दो अनाथ ही लाभान्वित हो सकते हैं। तो इस मामले में दो दत्तक और दो अन्य लड़कियों, एक परिवार की कुल चार लड़कियों को पात्र माना जाएगा।
  • केवल उन्हीं परिवारों की लड़कियां इस योजना के लिए आवेदन कर सकती है जिनकी वार्षिक आय 3,00,000 से अधिक न हो।

मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना के लिए आवश्यक दस्तावेज

पंजीकरण की प्रक्रिया के दौरान, आवेदकों को आवश्यकता के अनुसार विभिन्न दस्तावेज अपलोड करने होते हैं।इसलिए, उन्हें आवेदन के समय सभी दस्तावेजों के साथ तैयार रहना चाहिए।

पंजीकरण के दौरान आवश्यक दस्तावेज प्रक्रिया:-

  • एड्रेस प्रूफ की स्कैन कॉपी
  • पहचान पत्र
  • बैंक पासबुक की स्कैन की कई कॉपी
  • वोटर आईडी की स्कैन कॉपी
  • मृत्यु प्रमाण पत्र( यदि माता या पिता जीवित नहीं हैं)

आवेदन प्रक्रिया के लिए आवश्यक दस्तावेज:-

  • लड़की की नवीनतम तस्वीर
  •  संयुक्त परिवार की तस्वीर
  •  शपथ प्रमाण पत्र

चूँकि इस योजना में छह अलग अलग चरण है और इसलिए उम्मीदवारों को विशेष चरण में आवश्यकता के अनुसार दस्तावेज उपलब्ध कराने की आवश्यकता होती है।

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कन्या सुमंगला योजना mksy.up.gov.in ऑनलाइन आवेदन करे

उत्तर प्रदेश की बेटियां MKSY 2023 के तहत लाभ प्राप्त करने के लिए आवेदन करना चाहती है, वे निचे दिए गए steps को फॉलो कर सरलता पूर्वक आवेदन कर सकती है:

  • सबसे पहले Kanya Sumangla Yojana की Offical Website  पर जाएँ।
  • होम पेज पर Citizen Service Portal का ऑप्शन दिखाई देगा।
  • इस विकल्प पर क्लिक करे।
  • क्लिक करने के बाद सामने एक पेज खुलेगा, इस पेज पर और “मैं सहमत हूँ” पर क्लिक कर के आगे बढ़े।
  • ऑनलाइन फॉर्म में पूछी गयी सभी जानकारी जैसे; उम्मीदवार का नाम, पता, मोबाइल नंबर, माता – पिता का नाम, आधार नंबर, इत्यादि दर्ज करे।
  • OTP के लिए नंबर दर्ज कर और सत्यापन करे।
  • इसके बाद आप को User ID और password मिलेगा।
  • यूज़र आईडी और पासवर्ड से MKSY Portal Login करे।
  • लॉग इन होने के बाद फॉर्म के option पर क्लिक करे।
  • फॉर्म में पूछी गई सभी जानकारी के साथ-साथ आवश्यक दस्तावेज भी अपलोड कर “Submit” पर क्लिक करें।
  • इस तरह Kanya Sumangla Yojana के तहत ऑनलाइन आवेदन फॉर्म भर सकते है।

ऑफलाइन कन्या सुमंगला योजना के लिए आवेदन कैसे करें

इस योजना के अंतर्गत ऑफलाइन आवेदन भी किया जा सकता है. इसके लिए निचे दिए गए steps को फॉलो करे:

  • सबसे पहले उपरोक्त कार्यालय से निशुल्क आवेदन फॉर्म प्राप्त करे।
  • इसके बाद र्म में पूछी गयी सभी जानकारी भरे एवं आवेदन फॉर्म के साथ अपने सभी ज़रूरी दस्तावेज़ों को अटैच करे।
  • आवेदन फॉर्म खंड विकास अधिकारी (विकास खंड अधिकारी), एसडीएम, परिवीक्षा अधिकारी, उप मुख्य परिवीक्षा अधिकारी आदि के कार्यालय में जमा करे।
  • आवेदन संबंधित अधिकारी द्वारा जिला प्रोबेशन अधिकारी (डीपीओ) को भेज दिया जाएगा।
  • डीपीओ सभी सूचनाओं को ऑनलाइन फीड करेगा और इन ऑफ़लाइन अनुप्रयोगों की आगे की प्रक्रिया ऑनलाइन मोड में की जाएगी।

ऑफलाइन आवेदन फॉर्म खण्ड विकास अधिकारी / SDM / जिला परिवीक्षा अधिकारी / उप मुख्य परिवीक्षा अधिकारी के कार्यालय में होने के बाद उक्त आधिकारिक सभी आवेदक जिला परिवीक्षा अधिकारी को ऑनलाइन फीड करने हेतु अग्रसारित होते है।

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